सारे जहां से अच्छा हिंदुस्ता हमारा…

नई दिल्ली- दुनिया के सबसे बड़े खूबसूरत लोकतंत्र का आज स्वतंत्र दिवस है। आज ही के दिन यह देश अंग्रेजों के चंगुल से आजाद हुआ था।

15 अगस्त 1947 को 90 वर्षों बाद इस देश के ऊपर से काले घने बादल छटे थे और एक नई सुबह का आगाज हुआ था।

अगस्त 1947 की सुबह आजादी का उदित हुआ सूरज का आज 74वां वर्षगांठ है। देश में हर तरफ खुशी का माहौल है साथ ही उन वीर सपूतों को याद किया जा रहा है जिन्होंने इस देश की आजादी में अपनी जान को निछावर कर दिया था।

आज सुबह प्रधानमंत्री ने लालकिले पर ध्वजारोहण किया और देश की जनता को संबोधित किए। साथ ही उन वीर सपूतों को जो आजादी की लड़ाई में शहीद हो गए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

भारत के समस्त प्रदेशों में यह आजादी का त्योहार धूमधाम से मनाया जा रहा है। वैश्विक महामारी कोरोना वायरस की वजह से इस वर्ष स्वतंत्रता दिवस पर होने वाले कार्यक्रमों में काफी सावधानियां बरती गई हैं। इसमें सोशल डिस्टेंस की काफी ख्याल रखा जा रहा है।

आज हर भारतीय अपने को गौरवान्वित महसूस कर रहा है। और तिरंगे को सलामी दे रहा है। और सभी के लबों पर एक ही तराना है। सारे जहां से अच्छा हिंदुस्ता हमारा…


तुरहा युवा महासंघ ने दी शहीद अकलू को श्रद्धांजलि।

(मोहमद मेहरुद्दीन)

देवरिया: बघौचघाट के अहिरौली तुरहा युवा महासंघ ने स्वतंत्रता दिवस के शुभ अवसर पर ध्वजारोहण किया और आजादी की लड़ाई में अंग्रेजों के गोलियों के शिकार हुए शहीद अकलू तुरहा की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।

तुरह युवा महासंघ

आपको बता दें कि शहीद अकलू तुरहा 18 वर्ष की आयु में शहीद हुए थे। 14 अगस्त 1942 को उन्हे मधुबनी के कचहरी के पास अंग्रेजों ने शहीद कर दिया था।

इस अवसर पर तुरा युवा महासंघ के अध्यक्ष पिंटू कुमार, विशाल कुमार प्रसाद, दुर्गेश कुमार, सागर कुमार साह, अजीत कुमार, जनार्दन साह, योगेंद्र साह, निकेश कुमार, भीम कुमार और अन्य लोग उपस्थित रहे।

Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Inline Feedbacks
View all comments
0
Would love your thoughts, please comment.x
()
x